Himachal First
  • Home
  • About
  • Contact
  • हिमाचल प्रदेश
    • ऊना
    • कांगड़ा
    • किन्नौर
    • कुल्लू
    • चंबा
    • बिलासपुर
    • मंडी
    • लाहौल स्पीति
    • शिमला
    • सिरमौर
    • सोलन
    • हमीरपुर
Reading: सांसद सुरेश कश्यप ने लोकसभा में उठाया हिमाचल में बढ़ती प्राकृतिक आपदाओं का मुद्दा
Share
Himachal FirstHimachal First
Font ResizerAa
  • हिमाचल प्रदेश
  • ऊना
  • कांगड़ा
  • किन्नौर
  • कुल्लू
  • चंबा
  • बिलासपुर
  • मंडी
  • लाहौल स्पीति
  • शिमला
  • सिरमौर
  • सोलन
  • हमीरपुर
Search
  • Home
  • About
  • Privacy Policy
  • हिमाचल प्रदेश
    • ऊना
    • कांगड़ा
    • किन्नौर
    • कुल्लू
    • चंबा
    • बिलासपुर
    • लाहौल स्पीति
    • शिमला
    • सिरमौर
    • सोलन
    • हमीरपुर
Have an existing account? Sign In
Follow US
शिमलाहिमाचल प्रदेश

सांसद सुरेश कश्यप ने लोकसभा में उठाया हिमाचल में बढ़ती प्राकृतिक आपदाओं का मुद्दा

Prince Kumar
Last updated: March 10, 2026 3:23 pm
Prince Kumar
Share
SHARE
 संसदीय क्षेत्र से सांसद सुरेश कश्यप ने लोकसभा में हिमाचल प्रदेश विशेषकर शिमला और अन्य पहाड़ी क्षेत्रों में बढ़ती प्राकृतिक आपदाओं के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने वर्ष 2025 के मानसून और प्री-मानसून के दौरान प्रदेश में अत्यधिक वर्षा, शहरी बाढ़, भूस्खलन और बादल फटने की घटनाओं में हुई वृद्धि पर चिंता व्यक्त करते हुए केंद्र सरकार से पूछा कि इन आपदाओं से निपटने के लिए आधुनिक तकनीक और विशेष तंत्र के माध्यम से क्या कदम उठाए जा रहे हैं।
इस प्रश्न के उत्तर में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री श्री नित्यानंद राय ने लोकसभा में जानकारी देते हुए बताया कि देश में आपदा प्रबंधन प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और आधुनिक तकनीक का उपयोग बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 में संशोधन कर धारा 41-A जोड़ी गई है, जिसके तहत राज्य सरकारों को राजधानी और नगर निगम क्षेत्रों में शहरी आपदा प्रबंधन प्राधिकरण गठित करने का अधिकार दिया गया है, ताकि शहरी क्षेत्रों में बाढ़, भूस्खलन और अन्य आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि आपदा प्रबंधन () अधिनियम 2025 के तहत राष्ट्रीय स्तर पर राष्ट्रीय आपदा डाटाबेस तैयार किया जा रहा है, जिसमें जोखिम आकलन, शमन योजनाएं और आपदाओं से संबंधित वास्तविक समय का डेटा संकलित किया जाएगा। इससे भविष्य में आपदा प्रबंधन की रणनीतियों को और अधिक वैज्ञानिक और सटीक बनाया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि भारतीय मौसम विज्ञान विभाग  जैसी संस्थाएं सात दिन पहले तक मौसम की सटीक भविष्यवाणी करने में सक्षम हो रही हैं। इसके साथ ही मिशन मौसम के तहत अत्याधुनिक तकनीकों का उपयोग करते हुए सात दिन पहले तक मौसम और चक्रवात की संभावनाओं का आकलन करने के लिए एआई आधारित सिमुलेशन प्रणाली विकसित की जा रही है।
सरकार ने यह भी बताया कि राष्ट्रीय आपदा मोचन निधि (NDRF) और राष्ट्रीय आपदा शमन निधि (NDMF) के माध्यम से राज्यों को आपदा राहत के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। उच्च स्तरीय समिति (HLC) राज्यों को सहायता स्वीकृत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
गृह मंत्रालय के अनुसार वर्ष 2025-26 के दौरान विभिन्न राज्यों को राष्ट्रीय आपदा मोचन निधि से 4576.7 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है, जिससे बाढ़, भूस्खलन और अन्य आपदाओं के बाद राहत, पुनर्वास और पुनर्निर्माण कार्यों को गति दी जा सके।
इस विषय पर प्रतिक्रिया देते हुए सांसद सुरेश कश्यप ने कहा कि हिमाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी और आपदा-संवेदनशील राज्यों के लिए यह अत्यंत महत्वपूर्ण है कि केंद्र सरकार आधुनिक तकनीक, वैज्ञानिक पूर्वानुमान और मजबूत आपदा प्रबंधन तंत्र के माध्यम से समय रहते चेतावनी और राहत व्यवस्था सुनिश्चित करे। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश की जनता की सुरक्षा और विकास के लिए ऐसे विषयों को संसद में उठाना उनकी प्राथमिकता है।
Subscribe to Our Newsletter
Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
[mc4wp_form]
Share This Article
Email Copy Link Print
Previous Article सांसद हर्ष महाजन ने संसद में उठाया हिमाचल में केंद्रीय स्वास्थ्य योजनाओं के फंड का मुद्दा
Next Article स्वामी विवेकानंद सेवा ट्रस्ट चिंतपूर्णी एवं शाश्वत हिन्दू जागृति द्वारा 16 मार्च को “केरला स्टोरी 2” का मेगा मूवी शो आयोजित
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Editor's Pick

Top Writers

Oponion

You Might Also Like

शिमलाहिमाचल प्रदेश

हिमाचल को पीछे ले जाने वाला “बैक गियर बजट” – डॉ. राजीव बिंदल

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने मुख्यमंत्री श्री सुखविंदर सिंह सुखू द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2026 के बजट पर कड़ी…

3 Min Read

मुख्यमंत्री सुक्खू बोले- रोजगार के खुलेंगे द्वार, कड़वे फैसलों का मीठा स्वाद इसी साल से

नए वर्ष के पहले दिन ओक ओवर में पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि…

1 Min Read
हिमाचल प्रदेश

चिंतपूर्णी में दो राजकीय महाविद्यालय बंद करने के फैसले पर घमासान, भाजयुमो उपाध्यक्ष सुमेश कुमार बिट्टू का सरकार पर तीखा प्रहार

चिंतपूर्णी विधानसभा क्षेत्र में दो राजकीय महाविद्यालयों को बंद करने के प्रदेश सरकार के निर्णय के बाद सियासत तेज हो…

5 Min Read

महाशिवरात्रि पर ऊना में शिव संदेश यात्रा का भव्य स्वागत, 10 दिवसीय आध्यात्मिक कार्यक्रम जारी

महाशिवरात्रि पर्व के पावन उपलक्ष्य पर प्रजापति ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के तत्वावधान में जिला ऊना में विशेष आध्यात्मिक कार्यक्रमों का…

2 Min Read
Himachal First

News

  • Home
  • क्राइम
  • ट्रैफिक
  • प्रशासन
  • फोटो
  • मौसम
  • राजनीति
  • राष्ट्रीय
  • वीडियो

हिमाचल प्रदेश

  • कांगड़ा
  • किन्नौर
  • कुल्लू
  • चंबा
  • बिलासपुर
  • मंडी
  • लाहौल स्पीति
  • शिमला
  • सिरमौर
  • सोलन
  • हमीरपुर

जानकारी

  • खेल
  • टेक्नोलॉजी
  • धर्म
  • पर्यटन
  • रोजगार
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • शिक्षा
  • संस्कृति
  • स्वास्थ्य

About

  • About
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Sitemap

Follow

  • Facebook

© 2026 Himachal First  | Maintained & Designed By HNM Creative Solutions

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?